राजधानी रायपुर में हर्षाेल्लास के साथ मनाया गया 77वां गणतंत्र दिवस

राजधानी रायपुर में हर्षाेल्लास के साथ मनाया गया 77वां गणतंत्र दिवस
Facebooktwitterredditpinterestlinkedinmail

रायपुर, 26 जनवरी 2026 :देश के 77वें गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर राजधानी रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में भव्य समारोह का आयोजन किया गया। राज्यपाल श्री रमेन डेका ने राष्ट्रीय ध्वज फहराकर संयुक्त परेड की सलामी ली और प्रदेशवासियों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।

राज्यपाल श्री डेका ने कहा कि गणतंत्र दिवस हमें संविधान के मूल्यों के प्रति निष्ठा रखते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को सुदृढ़ करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने नागरिकों से अपने कर्तव्यों के निर्वहन के साथ लोकतंत्र को मजबूत करने का आह्वान किया।

समारोह का प्रमुख आकर्षण स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम रहे, जिन्होंने “विकसित भारत” की परिकल्पना को सजीव मंचन के माध्यम से प्रस्तुत किया।

प्रथम प्रस्तुति में कस्तुरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, सरगुजा (छत्तीसगढ़) के 206 छात्राओं ने “विकसित भारत, बढ़ता भारत” थीम पर मनमोहक प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में बस्तर और सरगुजा की माटी की खुश्बू, विशेष पिछड़ी जनजातियों की पारंपरिक वेशभूषा में करमा और दमकच नृत्य, नारी शक्ति, सशक्त किसान और मजबूत जवान के संदेश को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया। समापन पर कलाकारों ने तिरंगे के रंगों के साथ “जय जोहार, जय छत्तीसगढ़” का उद्घोष किया।

द्वितीय प्रस्तुति शिवोम विद्यापीठ, सांकरा, दुर्ग के 310 विद्यार्थियों ने “जयतु जयतु भारत” के माध्यम से भारत की प्राचीन संस्कृति, युवा ऊर्जा और राष्ट्र की एकता-अखंडता का जीवंत चित्रण किया। प्रत्येक नृत्य की भाव भंगिमा में विकसित भारत के सपने की झलक दिखाई दी।

तृतीय प्रस्तुति पी.जी. उमाठे शासकीय कन्या अंग्रेजी माध्यम उत्कृष्ट विद्यालय, शांति नगर, रायपुर की 300 छात्राओं ने “आरंभ है प्रचंड” नृत्य-नाट्य के माध्यम से आज़ादी के सौ वर्षों में भारत के सामाजिक, आर्थिक, तकनीकी और सांस्कृतिक उत्कर्ष को प्रभावशाली रूप में प्रस्तुत किया।

शानदार प्रस्तुतियों के लिए प्रथम पुरस्कार कस्तुरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय सरगुजा को, द्वितीय पुरस्कार पी.जी. उमाठे शासकीय कन्या अंग्रेजी माध्यम उत्कृष्ट विद्यालय शांति नगर, रायपुर को तथा तृतीय पुरस्कार शिवोम विद्यापीठ, सांकरा, दुर्ग को प्राप्त हुआ।

राज्यपाल श्री रमेन डेका ने विजेता दलों को सम्मानित करते हुए विद्यार्थियों की प्रतिभा की सराहना की और कहा कि यही युवा शक्ति विकसित भारत की नींव है।

समारोह राष्ट्रभक्ति, सांस्कृतिक विविधता और उज्ज्वल भविष्य के संकल्प के साथ गौरवपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।

Facebooktwitterredditpinterestlinkedinmail

watchm7j

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *