पारदर्शी व्यवस्था और डिजिटल तकनीक से धान विक्रय हुआ आसान, किसानों को मिल रही सुविधाएं

पारदर्शी व्यवस्था और डिजिटल तकनीक से धान विक्रय हुआ आसान, किसानों को मिल रही सुविधाएं
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रायपुर :प्रदेश में लागू पारदर्शी, सुव्यवस्थित और डिजिटल तकनीक आधारित धान खरीदी व्यवस्था से किसानों को बड़ी राहत मिल रही है। टोकन प्रणाली, समयबद्ध प्रक्रिया और मूलभूत सुविधाओं के चलते अब धान विक्रय प्रक्रिया पूरी तरह सुगम, सरल और परेशानी-मुक्त हो गई है।

सरगुजा जिले सहित राज्य के विभिन्न जिलों में संचालित धान उपार्जन केंद्रों पर ‘तुंहर टोकन’ ऐप के माध्यम से टोकन कटने की सुविधा किसानों के लिए विशेष रूप से लाभकारी सिद्ध हो रही है। अंबिकापुर विकासखंड के ग्राम पंचायत बकालो के किसान श्री चंद्रप्रकाश कुशवाहा ने बताया कि इस वर्ष मौसम अनुकूल रहने से फसल बेहतर हुई है। उन्होंने डिजिटल व्यवस्था का लाभ उठाते हुए ‘तुंहर टोकन’ ऐप के माध्यम से स्वयं 71.20 क्विंटल धान का पहला टोकन घर बैठे काटा।

कृषक चंद्रप्रकाश कुशवाहा ने बताया कि टोकन के अनुसार निर्धारित तिथि पर दरिमा धान उपार्जन केंद्र पहुंचते ही उन्हें गेट पास जारी किया गया। नमी परीक्षण के पश्चात तत्काल बारदाना उपलब्ध कराया गया और पूरी खरीदी प्रक्रिया निर्धारित समय में पारदर्शी तरीके से संपन्न हुई। उन्होंने कहा कि इस दौरान उन्हें किसी प्रकार की कठिनाई का सामना नहीं करना पड़ा।

उन्होंने उपार्जन केंद्रों पर उपलब्ध व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि किसानों के लिए पीने के पानी, बैठने और छांव जैसी मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की गई हैं, जिससे प्रतीक्षा अवधि में भी किसानों को सुविधा मिल रही है।

किसान चंद्रप्रकाश कुशवाहा ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा किसानों को 3100 रुपये प्रति क्विंटल का समर्थन मूल्य दिया जा रहा है, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हो रही है। धान विक्रय से प्राप्त राशि का उपयोग वे गेहूं, सरसों सहित अन्य फसलों और सब्जी उत्पादन में कर रहे हैं, जिससे उनकी आय में निरंतर वृद्धि हो रही है।

उन्होंने कहा कि वर्तमान धान खरीदी व्यवस्था किसानों के हित में एक सराहनीय पहल है। किसान वर्ग में इससे संतोष और उत्साह का वातावरण बना है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और राज्य शासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

प्रदेशभर में जिला प्रशासन द्वारा धान उपार्जन केंद्रों पर किसानों की सुविधा, पारदर्शिता और त्वरित सेवाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है, जिससे राज्य में धान खरीदी अभियान सफलतापूर्वक संचालित हो रहा है।

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