नक्सल मुक्त सरगुजा में अब शांतिपूर्ण विकास की बयार: डॉ. रमन सिंह

नक्सल मुक्त सरगुजा में अब शांतिपूर्ण विकास की बयार: डॉ. रमन सिंह
Facebooktwitterredditpinterestlinkedinmail

रायपुर:मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा है कि राज्य का सरगुजा जिला और संभाग नक्सल हिंसा और आतंक से पूरी तरह मुक्त हो चुका है। अब इस जिले को खुले में शौच की सामाजिक बुराई से मुक्त करना है। उन्होंने कहा कि नक्सल मुक्त होने के बाद अब सरगुजा जिले में शांतिपूर्ण विकास की बयार तेजी से बहने लगी है।
डॉ. सिंह आज नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती के अवसर पर अपरान्ह सरगुजा जिले के ग्राम बोदा ( विकासखण्ड बतौली) में एक विशाल जनसभा को सम्बोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री इस मौके पर जिला स्तरीय ओडीएफ उत्सव और प्रधानमंत्री आवास मेले में भी शामिल हुए। उन्होंने खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) घोषित ग्राम पंचायतों के सरपंचों को सम्मानित किया । मुख्यमंत्री के साथ सभी लोगों ने सामूहिक फोटोग्राफी कराई। डॉ. सिंह ने कार्यक्रम के दौरान मैनपाट हेतु दो मोबाईल मेडिकल यूनिटों को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने इस मौके पर लगभग 47 करोड़ रूपए के पांच निर्माण कार्यों का लोकार्पण, भूमिपूजन और शिलान्यास किया। डॉ. सिंह ने इनमें से आठ करोड़ रूपए की लागत से बने उदयपुर के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भवन, दो करोड़ 23 लाख रूपए की लागत से निर्मित बतौली के शासकीय कॉलेज भवन और सात करोड़ 60 लाख रूपए की लागत से निर्मित भटगांव-भगवानपुर सड़क का भी लोकार्पण किया। विशाल जनसभा में उन्होंने कहा कि सरगुजा राजस्व संभाग में करीब 1500 करोड़ रूपये की लागत से सड़कों के नेटवर्क का विकास और विस्तार किया जा रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत छत्तीसगढ़ में लगभग 6 हजार करोड़ की लागत से 6 लाख परिवारों को मकान दिए जाएंगे। सरगुजा जिले के लोगों को इस योजना के तहत इस वर्ष 11 हजार मकान दिए जाएंगे।
डॉ. रमन सिंह ने कार्यक्रम में कैरियर काउन्सलिंग भवन सहित मैनपाट के माझी समुदाय के समग्र विकास के लिए 2 करोड़ रूपए स्वीकृत करने, मैनपाट में पर्यटन सुविधा के लिए 2 बस उपलब्ध कराने, मैनपाट में  ही नल जल योजना के लिए एक करोड़ रूपये मंजूर करने, मैनपाट में स्टेडियम निर्माण और लुण्ड्रा में विशेष पिछड़ी पहाड़ी कोरवा जनजाति के युवाओं के कौशल प्रशिक्षण के लिए लाईवलीहुड कॉलेज खोलने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा – ग्राम बोदा में पशु चिकित्सालय और 50 सीटर आदिवासी छात्रावास भी जल्द शुरू किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में लगभग 47 करोड़ के पांच निर्माण कार्यों का लोकार्पण, भूमिपूजन और शिलान्यास किया। डॉ. सिंह वहां 15 करोड़ 21 लाख रूपए की लागत से मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनने वाली सड़कों और पुलिया का भूमिपूजन और शिलान्यास करेंगे। वे इस मौके पर क्षेत्र के हाथी प्रभावित एक सौ ग्राम पंचायतों को वन विभाग की ओर से 500 टॉर्च देंगे और तेन्दूपत्ता संग्राहक परिवारों के 1392 बच्चों को शिक्षा प्रोत्साहन योजना के तहत 33 लाख रूपए की राशि के चेक प्रदान करेंगे। मुख्यमंत्री वहां पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत एक हजार परिवारों को मकान निर्माण के लिए स्वीकृति पत्र भी सौपेंगे।
विशाल जनसभा को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छ भारत मिशन के तहत सरगुजा जिले के अधिकांश गांव एवं शहर खुले मंे शौच से मुक्त (ओडीएफ) घोषित हो चुके हैं। इसमें पंच, सरपंच सहित महिलाओं का विशेष योगदान रहा है। उन्होंने ओडीएफ के प्रति बहनों की जागरूकता की प्रशंसा करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा रखे गये लक्ष्य 2019 से दो वर्ष पूर्व ही सरगुजा जिले के ओडीएफ होने से सरगुजावासी गौरवान्वित हैं। उन्होंने गांवों में कार्य करने वाले ‘‘ब्लू ब्रिगेड’’ की प्रशंसा करते हुए कहा कि गांवों को खुले मंे शौच से मुक्त करने मंे इनका सतत एवं अथक प्रयास शामिल हैं। उन्होंने दुर्गम एवं पहुॅच विहीन क्षेत्रों में प्रीफैैब्रीकेटेड शौचालय निर्माण के लिए जनप्रतिनिधियों और जिला प्रशासन के प्रयासों की प्रशंसा की।  मुख्यमंत्री ने कहा कि सरगुजा संभाग को गोद लेकर उसके समग्र विकास हेतु प्रतिबद्धतापूर्वक चरणबद्ध विकास कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरगुजा में सबसे पहले शांति बहाली का कार्य किया गया है । इसके बाद यहां बड़े पैमाने पर विकास के कार्य कराये जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरगुजा प्रदेश के शीर्ष पर विराजमान है और उसी के अनरूप यह जिला सड़क, पुल-पुलियों सहित सभी अधोसंरचनाओं में भी तेजी से विकास कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के बारे में बताया कि इस योजना के तहत प्रदेश के 35 लाख परिवारो ंको मात्र 200 रूपये में गैस कनेक्शन उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सरगुजा जिले में अब तक 34 हजार परिवारों को इस योजना के तहत लाभान्वित किया जा चुका है। मुख्यमंत्री डॉ. सिंह ने बालिका प्रोत्साहन के लिए राज्य शासन द्वारा चलायी जा रही नोनी सुरक्षा योजना के बारे में बताया कि इस योजना के तहत बालिका के जन्म होते ही 5 हजार रूपये उसके खाते में जमा करायें जाते हैं और यह राशि 18 वर्षो तक लगातार जमा करायी जाती है, ताकि 18 वर्ष पश्चात् पढ़ाई-लिखाई सहित अन्य कार्यो के लिए उसे 1 लाख रूपये से अधिक राशि प्राप्त हो सके। प्रदेश के गृह, जेल एवं लोक स्वास्थ्य मंत्री श्री रामसेवक पैकरा ने कहा कि पहले जिला मुख्यालय में ही कॉलेज शिक्षा की सुविधा प्राप्त थी, किन्तु वही सुविधा अब विकासखण्ड मुख्यालयों में भी मिलने लगी है। इसके साथ कौशल उन्नयन के लिए भी विकासखण्ड स्तर पर औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था संचालित किये जा रहे है। सरगुजा सांसद श्री कमलभान सिंह ने कहा कि आज का दिन सरगुजा जिले का ऐतिहासिक हैं। यहां के पांच विकासखण्ड को ओडीएफ घोषित किया गया है। सीतापुर क्षेत्र के विधायक श्री अमरजीत भगत ने जिला प्रशासन द्वारा आयोजित इस भव्य कार्यक्रम की सराहना की और स्थानीय जरूरतों की ओर मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित किया।
कलेक्टर श्री भीम सिंह ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि जिले में स्वच्छ भारत मिशन के तहत कुछ ही महीनों के भीतर 77 हजार शौचालयों का निर्माण कराया गया। नगर निगम अम्बिकापुर प्रदेश का पहला खुले में शौचमुक्त नगर निगम घोषित किया जा चुका है। इसके साथ नगर पंचायत लखनपुर और जिले के अन्य पांच विकासखण्ड भी खुले में शौचमुक्त घोषित हो गये हैं। इस अवसर पर श्रम, खेल एवं युवा कल्याणमंत्री श्री भईयालाल राजवाडे़, लुण्ड्रा विधायक श्री चिंतामणी महाराज, जिला पंचायत श्रीमती फुलेश्वरी सिंह, सरगुजा एवं उत्तर क्षेत्र विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री राजशरण भगत, जिला पंचायत के उपाध्यक्ष श्री प्रभात खलखो, हस्तशिल्प बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष श्री अनिल सिंह मेजर, राज्य सहकारी बैंक के संचालक मण्डल के सदस्य श्री अखिलेश सोनी, सरगुजा संभाग के कमिश्नर श्री टी.सी. महावर सहित प्रशासन के अनेक वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

Facebooktwitterredditpinterestlinkedinmail

watchm7j

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *